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	<title>UP Digital Diary</title>
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	<description>Hindi News &#38; Views</description>
	<lastBuildDate>Tue, 16 Jun 2026 10:55:36 +0000</lastBuildDate>
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	<title>UP Digital Diary</title>
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		<title>यूएस-ईरान समझौते के बाद होर्मुज से जल्द निकलेंगे 34 भारतीय जहाज</title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101751</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 10:55:29 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[देश-विदेश]]></category>
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					<description><![CDATA[अमेरिका ईरान समझौते का असर दिखना शुरू हो गया है और होर्मुज पर लगी पाबंदियों में थोड़ी नरमी देखी जा रही है। ऐसे में होर्मुज में फंसे भारत के 34 जहाजों के भी जल्द होर्मुज पार करने की उम्मीद है, जिससे देश के करोड़ों उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी। अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौता &#8230;]]></description>
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<p class="wp-block-paragraph">अमेरिका ईरान समझौते का असर दिखना शुरू हो गया है और होर्मुज पर लगी पाबंदियों में थोड़ी नरमी देखी जा रही है। ऐसे में होर्मुज में फंसे भारत के 34 जहाजों के भी जल्द होर्मुज पार करने की उम्मीद है, जिससे देश के करोड़ों उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी।</p>



<p class="wp-block-paragraph">अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौता हो गया है। समझौते के तहत होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों की मुक्त आवाजाही सुनिश्चित होगी। इसका असर भी दिखना शुरू हो गया है। दरअसल तरल प्राकृतिक गैस (एलएनजी) ला रहे भारतीय टैंकर दिशा ने सुरक्षित होर्मुज जलडमरूमध्य पार कर लिया है। भारत आ रहे 34 अन्य जहाजों के भी जल्द होर्मुज पार करने की उम्मीद है। ये जहाज पश्चिम एशिया संकट के चलते होर्मुज में फंसे हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>करोड़ों किसानों और उपभोक्ताओं को मिलेगी राहत<br></strong>होर्मुज में फंसे 34 जहाजों में से 16 जहाज ऐसे हैं, जो फर्टिलाइजर लेकर भारत आ रहे हैं। इन 16 जहाजों में से 8 पर यूरिया, चार पर डाइ-अमोनियम फॉस्फेट और तीन पर सल्फर और एक पर अमोनिया लदा है। अगर समझौते के तहत सबकुछ सही रहता है और होर्मुज खुलता है तो जल्द ही भारत के करोड़ों किसानों को खेती के लिए फर्टिलाइजर मिल सकते हैं। हालांकि अभी हालात सामान्य होने में वक्त लग सकता है।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>तुरंत पूर्ण राहत के आसार नहीं<br></strong>पश्चिम एशिया में युद्ध के दौरान ऊर्जा केंद्रों को निशाना बनाया गया। पश्चिम एशिया की कई अहम रिफाइनरियां और गैस प्लांट हमलों में बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हुए हैं। जिससे युद्ध समाप्त होने के बाद भी आपूर्ति सामान्य होने में कई महीनों का वक्त लग सकता है। कतर का रास लफ्फान प्लांट हमले में बुरी तरह से क्षतिग्रस्त हुआ है और वहां से ईंधन आपूर्ति सामान्य होने में कई महीने लग सकते हैं। भारत के इस गैस प्लांट से एलपीजी आपूर्ति का कॉन्ट्रैक्ट है, ऐसे में हालात सामान्य होने में अभी वक्त लगेगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph">भारत अपनी जरूरत का 88 प्रतिशत कच्चा तेल आयात करता है। इसमें से करीब आधा हिस्सा पश्चिम एशिया से ही आपूर्ति होता है। साथ ही भारत के कुल आयात की 60 प्रतिशत से ज्यादा एलएनजी भी होर्मुज से गुजरकर भारत आती है। यही वजह है कि पश्चिम एशिया संकट के चलते होर्मुज जलडमरूमध्य बंद होने से भारत को होने वाली तेल और गैस की आपूर्ति बाधित हो गई। होर्मुज से पार हुआ दिशा टैंकर 18 जून तक भारत आ सकता है और इस पर 62,370 टन एलएनजी है।</p>
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		<item>
		<title>तमिलनाडु के किसानों को सीएम विजय का तोहफा, 75 हजार रुपये तक का कर्जा माफ</title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101748</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 10:13:49 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[देश-विदेश]]></category>
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					<description><![CDATA[तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने मंगलवार को राज्य के किसानों के लिए एक बहुत बड़ी राहत का एलान किया है। सरकार ने सहकारी बैंकों से लिए गए फसल कर्ज को माफ करने की घोषणा की है। इस फैसले से राज्य के करीब 14.43 लाख किसानों को सीधा फायदा होगा। सरकार के इस कदम &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p class="wp-block-paragraph">तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय ने मंगलवार को राज्य के किसानों के लिए एक बहुत बड़ी राहत का एलान किया है। सरकार ने सहकारी बैंकों से लिए गए फसल कर्ज को माफ करने की घोषणा की है। इस फैसले से राज्य के करीब 14.43 लाख किसानों को सीधा फायदा होगा। सरकार के इस कदम से राज्य के खजाने पर लगभग 6000 करोड़ रुपये का अतिरिक्त बोझ पड़ेगा, लेकिन इससे किसानों को बहुत बड़ी आर्थिक राहत मिलेगी</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>75,000 रुपये तक का कर्ज पूरा माफ<br></strong>बता दें कि सीएम के इस एलान का फायदा ऐसे किसानों को मिलेगा, जिन्होंने 1 मई 2025 से 28 फरवरी 2026 के बीच सहकारी बैंकों से 75000 रुपये तक का फसल कर्ज लिया था। उनका पूरा कर्ज माफ कर दिया जाएगा। इसके अलावा जिन किसानों का कर्ज 75000 रुपये से ज्यादा है, उनके कर्ज में से 35000 रुपये माफ किए जाएंगे।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>क्यों बदला गया फैसला?<br></strong>दरअसल, पिछले महीने ही सरकार ने छोटे और सीमांत किसानों के लिए 50000 रुपये तक के कर्ज माफी की घोषणा की थी। लेकिन किसान संगठनों और किसानों की मांग के बाद मुख्यमंत्री ने मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की। इस बैठक के बाद पिछले फैसले को बदलते हुए राहत का दायरा और बढ़ा दिया गया है।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>60 दिनों के भीतर मिलेगा फायदा<br></strong>मुख्यमंत्री कार्यालय की तरफ से दी गई जानकारी के अनुसार रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) के नियमों के मुताबिक, कर्ज माफी की पूरी रकम सरकार को 45 से 60 दिनों के भीतर बैंकों को देनी होगी। सरकार ने कहा कि हालांकि इस समय राज्य की वित्तीय स्थिति (आर्थिक स्थिति) थोड़ी तंग है, इसके बावजूद किसानों की मुश्किलों को देखते हुए मुख्यमंत्री ने इस संकट की घड़ी में भी लगभग 6000 करोड़ रुपये की कर्ज माफी को मंजूरी दी है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
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		<title>सीएम योगी ने बयां की अपनी पहली पसंद, राजधानी में बोले- माफियाओं का खात्मा करना मेरा प्रिय विषय</title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101745</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 06:15:56 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[राज्य]]></category>
		<category><![CDATA[उत्तर प्रदेश]]></category>
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					<description><![CDATA[लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई उनकी प्राथमिकता है और यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में कानून व्यवस्था मजबूत हुई है, दंगों पर नियंत्रण हुआ है तथा धार्मिक और सांस्कृतिक विकास के नए आयाम स्थापित किए गए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p class="wp-block-paragraph">लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई उनकी प्राथमिकता है और यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में कानून व्यवस्था मजबूत हुई है, दंगों पर नियंत्रण हुआ है तथा धार्मिक और सांस्कृतिक विकास के नए आयाम स्थापित किए गए हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph">मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को लखनऊ में आयोजित डी-3 त्रिवेणी कार्यक्रम में बड़ा बयान दिया। उन्होंने दौरान सभा को संबोधित करते हुए कहा, माफिया का सफाया करना ही मेरा प्रिय विषय है। आगे भी माफियाओं के खिलाफ कार्रवाई करते रहूंगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph">एक समय था जब उत्तर प्रदेश में माफियाओं का बोलबाला था और वे समानांतर सरकार चलाते थे, लेकिन आज स्थितियां पूरी तरह बदल चुकी हैं। हमारी सरकार ने पहले दिन से ही यह तय कर दिया था कि जनता की सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले तत्वों को बख्शा नहीं जाएगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>अब यूपी का नाम सुनकर लोग दूरी नहीं, गले लगाते हैं<br></strong>मुख्यमंत्री ने कहा, वर्ष 2017 से पहले प्रदेश में दंगे, उपद्रव और असुरक्षा का माहौल था। त्योहारों में व्यवधान डाले जाते थे, व्यापारी और बेटियां सुरक्षित नहीं थीं तथा सत्ता में बैठे लोग दंगाइयों को संरक्षण देते थे। अब स्थिति बदल चुकी है। जो भी त्योहारों में खलल डालने की कोशिश करेगा, उसका वर्तमान और भविष्य दोनों समाप्त हो जाएंगे।</p>



<p class="wp-block-paragraph">उन्होंने कहा कि अयोध्या में 500 वर्षों के इंतजार के बाद राम मंदिर निर्माण डबल इंजन सरकार की बड़ी उपलब्धि है। पहले रामभक्तों पर लाठियां और गोलियां चलती थीं, अब अयोध्या विश्वस्तरीय धार्मिक और सांस्कृतिक नगरी के रूप में विकसित हो रही है।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>क्यों पूरी नींद लेने के बाद भी दिनभर टूटता है शरीर?</title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101742</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 05:38:08 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[लाइफ-मंत्रा]]></category>
		<category><![CDATA[हेल्थ एंड फिटनेस]]></category>
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					<description><![CDATA[एक स्वस्थ शरीर के लिए उम्र के हिसाब से 6 से 8 घंटे की अच्छी क्वालिटी वाली नींद लेना बेहद जरूरी है, लेकिन कई बार रात की नींद पूरी न होने के कारण लोग दिनभर थकावट और जरूरत से ज्यादा नींद आने की समस्या से जूझते रहते हैं। अगर आपके साथ भी ऐसा अक्सर होता &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p class="wp-block-paragraph">एक स्वस्थ शरीर के लिए उम्र के हिसाब से 6 से 8 घंटे की अच्छी क्वालिटी वाली नींद लेना बेहद जरूरी है, लेकिन कई बार रात की नींद पूरी न होने के कारण लोग दिनभर थकावट और जरूरत से ज्यादा नींद आने की समस्या से जूझते रहते हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph">अगर आपके साथ भी ऐसा अक्सर होता है, तो इसे केवल ‘थकान’ मानकर नजरअंदाज न करें। यह कुछ ऐसी बीमारियों या आदतों का संकेत हो सकता है, जिनकी समय पर जांच होना बहुत जरूरी है। आइए, डॉ. मोनिका महाजन (प्रिंसिपल डायरेक्टर और एचओडी, इंटरनल मेडिसिन, मैक्स अस्पताल – पंचशील पार्क) से डिटेल में जानते हैं इस बारे में।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>स्लीप एपनिया</strong><br>अगर आपको जोर-जोर से खर्राटे लेने की आदत है और खासकर अगर आपका वजन ज्यादा है, तो आपको ‘ऑब्सट्रक्टिव स्लीप एपनिया’ की समस्या हो सकती है। इस बीमारी में सोते समय जीभ पीछे की तरफ गिर जाती है और दिमाग के स्लीप सेंटर में गड़बड़ी होने लगती है। इससे दिमाग तक पर्याप्त ऑक्सीजन नहीं पहुंच पाती, जिससे हार्ट और ब्लड प्रेशर में लगातार उतार-चढ़ाव होता रहता है।</p>



<p class="wp-block-paragraph">नतीजा यह होता है कि रात में बार-बार नींद टूटती है। रात की नींद इतनी खराब हो जाती है कि इंसान दिन में कुर्सी पर बैठे-बैठे या गाड़ी में सफर करते हुए भी सो जाता है। यह एक गंभीर समस्या है जिसका सीधा संबंध हार्ट अटैक और स्ट्रोक से पाया गया है। अगर आपको ऐसे लक्षण हैं, तो ‘स्लीप स्टडी’ कराना सही रहेगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>जब बिगड़ जाए ‘बॉडी क्लॉक’<br></strong>जो लोग रात की शिफ्ट में काम करते हैं या अक्सर ट्रैवल करते हैं, उन्हें अक्सर ‘जेट लैग’ और ‘सर्कैडियन रिदम डिसऑर्डर’ का सामना करना पड़ता है। हमारे शरीर की अपनी एक अंदरूनी घड़ी होती है। जब हमारी ‘बॉडी क्लॉक’ और बाहर की रोशनी का समय आपस में मेल नहीं खाते, तो स्लीप-वेक साइकिल पूरी तरह खराब हो जाता है। इसी वजह से दिनभर थकान और नींद हावी रहती है।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>खराब स्लीप हाइजीन<br></strong>आपकी रोजमर्रा की कुछ आदतें भी आपकी नींद की क्वालिटी खराब कर सकती हैं:</p>



<p class="wp-block-paragraph">मोबाइल फोन: रातभर फोन की स्क्रीन पर मैसेज चेक करते रहने से स्लीप साइकिल डिस्टर्ब हो जाता है।<br>खान-पान: रात को सोने से पहले शराब या कॉफी का सेवन करना भी आपकी रातों की नींद उड़ा सकता है।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>क्या किसी बीमारी या दवा का है असर?<br></strong>दिन में ज्यादा नींद आने के पीछे केवल अधूरी नींद ही नहीं, बल्कि कई अन्य शारीरिक और बाहरी कारण भी हो सकते हैं:</p>



<p class="wp-block-paragraph">गंभीर बीमारियां: मोटापा, डायबिटीज, दिल की बीमारियां और थायरॉइड जैसी समस्याओं का सीधा कनेक्शन नींद से है। वृद्धावस्था में ‘पार्किंसंस’ के मरीजों का भी स्लीप साइकिल अक्सर बिगड़ जाता है।<br>खून की कमी: शरीर में हीमोग्लोबिन की कमी होने पर ऑक्सीजन का स्तर कम हो जाता है, जिससे इंसान को ज्यादा नींद आती है और थकान बनी रहती है।<br>दवाइयों का साइड इफेक्ट: अपनी दवाइयों की लिस्ट जरूर चेक करें। कुछ एंटी-एलर्जी और डिप्रेशन की दवाइयां ऐसी होती हैं, जो हमारी नींद में रुकावट डालती हैं और दिन में नींद और थकान का कारण बनती हैं।<br>मौसम का असर: मौसम की चरम स्थितियां यानी बहुत ज्यादा कड़ाके की सर्दी या झुलसाने वाली गर्मी भी शरीर में थकान और अत्यधिक नींद पैदा कर सकती हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph">कुल मिलाकर, दिन में बार-बार नींद आना एक साधारण समस्या भी हो सकती है- जैसे खराब स्लीप हाइजीन या रात की इंसफिशिएंट स्लीप, लेकिन साथ ही यह किसी बड़ी बीमारी जैसे- हीमोग्लोबिन की कमी, थायरॉइड, शुगर या स्लीप एपनिया का अलार्म भी हो सकता है। इसलिए, अपनी सेहत को प्राथमिकता दें और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर से जांच जरूर करवाएं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>क्या आपके घर जलता है &#8216;अक्षय दीप&#8217;?</title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101739</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 05:19:49 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[धर्म/अध्यात्म]]></category>
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					<description><![CDATA[भारतीय संस्कृति में दीपक केवल रोशनी का साधन नहीं माना जाता, बल्कि इसे शुभता, ज्ञान और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक भी समझा जाता है। यही वजह है कि घर में पूजा हो, कोई मांगलिक कार्य हो या फिर किसी व्रत-त्योहार की शुरुआत, दीपक जलाने की परंपरा सदियों से चली आ रही है। इन्हीं परंपराओं में &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p class="wp-block-paragraph">भारतीय संस्कृति में दीपक केवल रोशनी का साधन नहीं माना जाता, बल्कि इसे शुभता, ज्ञान और सकारात्मक ऊर्जा का प्रतीक भी समझा जाता है। यही वजह है कि घर में पूजा हो, कोई मांगलिक कार्य हो या फिर किसी व्रत-त्योहार की शुरुआत, दीपक जलाने की परंपरा सदियों से चली आ रही है। इन्हीं परंपराओं में एक विशेष परंपरा है ‘अक्षय दीप’ की, जिसके बारे में आज भी बहुत कम लोग जानते हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph">धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, अक्षय दीप ऐसा दीपक होता है जिसे किसी विशेष संकल्प या धार्मिक उद्देश्य से लगातार जलाया जाता है। कई लोग इसे अखंड ज्योति भी कहते हैं। माना जाता है कि जब श्रद्धा और विश्वास के साथ दीपक जलाया जाता है, तो उसका प्रकाश केवल घर को ही नहीं बल्कि मन को भी प्रकाशित करता है।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>क्या होता है अक्षय दीप?<br></strong>‘अक्षय’ शब्द का अर्थ है जिसका कभी नाश न हो या जो निरंतर बना रहे। इसी भावना के साथ जब किसी पूजा, व्रत या विशेष धार्मिक अवसर पर दीपक को लंबे समय तक जलाए रखा जाता है, तो उसे अक्षय दीप कहा जाता है। कई श्रद्धालु अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति, परिवार की सुख-समृद्धि और घर में सकारात्मक वातावरण बनाए रखने के लिए यह दीप जलाते हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>क्यों है इसका विशेष महत्व?<br></strong>सनातन परंपरा में प्रकाश को अंधकार पर विजय का प्रतीक माना गया है। धार्मिक मान्यता है कि दीपक का प्रकाश नकारात्मकता को दूर कर सकारात्मक ऊर्जा का संचार करता है। यही कारण है कि मंदिरों में अखंड ज्योति जलाने की परंपरा आज भी देखने को मिलती है।</p>



<p class="wp-block-paragraph">कार्तिक मास, नवरात्र, अधिक मास और कई अन्य धार्मिक अवसरों पर अक्षय दीप जलाने का विशेष महत्व बताया गया है। मान्यता है कि इससे ईश्वर की कृपा प्राप्त होती है और घर में सुख-शांति का वातावरण बना रहता है। हालांकि यह पूरी तरह धार्मिक आस्था और व्यक्तिगत विश्वास का विषय है।</p>



<p class="wp-block-paragraph">धर्मग्रंथों में दीपदान को पुण्यदायी कार्य माना गया है। कहा जाता है कि एक दीपक का प्रकाश अनेक लोगों तक पहुंच सकता है। शायद यही वजह है कि मंदिरों, तीर्थस्थलों और धार्मिक आयोजनों में दीपदान की परंपरा आज भी पूरे श्रद्धाभाव के साथ निभाई जाती है।</p>



<p class="wp-block-paragraph">अक्षय दीप की परंपरा हमें यह संदेश भी देती है कि जैसे एक छोटा सा दीपक अंधकार को दूर कर सकता है, वैसे ही सकारात्मक सोच और अच्छे कर्म जीवन में नई रोशनी ला सकते हैं।</p>
]]></content:encoded>
					
		
		
			</item>
		<item>
		<title>16 जून 2026 का राशिफल</title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101736</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Tue, 16 Jun 2026 05:05:27 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[धर्म/अध्यात्म]]></category>
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					<description><![CDATA[मेष राशिआज का दिन आपके चेहरे पर मुस्कान और मन में नई उम्मीदें लेकर आ सकता है। आसपास का माहौल इतना सकारात्मक रहेगा कि आपका आत्मविश्वास खुद-ब-खुद बढ़ता महसूस होगा। कोई अच्छी खबर दिल को खुशी दे सकती है और आगे बढ़ने की नई प्रेरणा भी मिलेगी। संतान की पढ़ाई को लेकर जो चिंता थी, &#8230;]]></description>
										<content:encoded><![CDATA[
<p class="wp-block-paragraph"><strong>मेष राशि<br></strong>आज का दिन आपके चेहरे पर मुस्कान और मन में नई उम्मीदें लेकर आ सकता है। आसपास का माहौल इतना सकारात्मक रहेगा कि आपका आत्मविश्वास खुद-ब-खुद बढ़ता महसूस होगा। कोई अच्छी खबर दिल को खुशी दे सकती है और आगे बढ़ने की नई प्रेरणा भी मिलेगी। संतान की पढ़ाई को लेकर जो चिंता थी, वह प्यार और समझदारी भरी बातचीत से काफी हद तक कम हो सकती है। सेहत को हल्के में न लें, खासकर खान-पान और नींद का ध्यान रखें। ऑफिस में बॉस के साथ तालमेल अच्छा रहेगा, बस अहंकार को दूर रखें, क्योंकि आज विनम्रता ही आपकी सबसे बड़ी ताकत बनेगी।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>वृषभ राशि<br></strong>आज का दिन सुकून और संतोष से भरा रहने वाला है। नौकरी या नए अवसर की तलाश कर रहे लोगों को कोई खुशखबरी मिल सकती है। पैसों के मामले में ईमानदारी और सही रास्ता चुनना आपके लिए बेहद जरूरी रहेगा, क्योंकि गलत तरीके से कमाया गया लाभ आगे परेशानी दे सकता है। किसी अनजान व्यक्ति पर भरोसा करके पैसे उधार देने से बचें। ससुराल पक्ष में छोटी-सी बात को लेकर मतभेद हो सकता है, इसलिए धैर्य और शांति बनाए रखें। दिन का अंत परिवार के साथ अच्छा समय बिताते हुए सुखद रहेगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>मिथुन राशि<br></strong>आज पैसों से जुड़े फैसलों में बहुत समझदारी दिखाने की जरूरत होगी। जल्दबाजी में लिया गया आर्थिक निर्णय बाद में परेशानी खड़ी कर सकता है। यात्रा या किसी मुलाकात के दौरान ऐसी जानकारी मिल सकती है, जो आगे चलकर आपके लिए फायदेमंद साबित होगी। अधिकारियों का सहयोग मिलने से आत्मविश्वास मजबूत रहेगा। पुरानी गलतियों से मिली सीख आज आपको सही दिशा दिखाएगी। व्यवसाय में साझेदारी का फैसला सोच-समझकर लें और केवल भरोसेमंद लोगों पर ही विश्वास करें।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>कर्क राशि<br></strong>आज घर और रिश्तों में खुशियों की मिठास घुली रहेगी। वैवाहिक जीवन में प्रेम और समझदारी का सुंदर संतुलन बना रहेगा। जीवनसाथी को करियर से जुड़ी कोई अच्छी खबर मिल सकती है, जिससे घर का माहौल और खुशनुमा होगा। परिवार में किसी सदस्य के विवाह से जुड़ी रुकावट किसी करीबी की मदद से दूर हो सकती है। हालांकि हर मुस्कुराने वाले व्यक्ति पर तुरंत भरोसा करना ठीक नहीं होगा। जरूरतों और सुविधाओं पर खर्च बढ़ेगा, लेकिन इससे आपको खुशी और संतोष मिलेगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>सिंह राशि<br></strong>आज समाज और कार्यक्षेत्र में आपकी छवि और मजबूत होती नजर आएगी। लोग आपके काम और व्यवहार की सराहना करेंगे। हालांकि कोई बड़ी डील आखिरी समय में अटक सकती है, लेकिन धैर्य बनाए रखें, क्योंकि जल्द ही रास्ता निकल आएगा। लंबे समय से अटका काम पूरा होने से राहत महसूस होगी। सामाजिक कार्यक्रमों में भाग लेने से नए संपर्क बनेंगे और आपकी पहचान बढ़ेगी। निवेश करने से पहले पूरी जानकारी जरूर लें और दूसरों की भावनाओं का सम्मान करना न भूलें।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>कन्या राशि<br></strong>आज किस्मत आपके साथ कदम से कदम मिलाकर चलती दिखाई देगी। जीवनसाथी का सहयोग आपको भावनात्मक मजबूती देगा और मन को सुकून मिलेगा। संतान के भविष्य को लेकर थोड़ी चिंता रह सकती है, लेकिन सही योजना और समझदारी से स्थिति संभल जाएगी। किसी भी विवाद से दूरी बनाए रखना आपके लिए बेहतर रहेगा। सरकारी योजनाओं या सुविधाओं का लाभ मिलने के संकेत हैं। साथ ही आज किया गया बचत या निवेश का प्रयास भविष्य को सुरक्षित करने में मदद करेगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>तुला राशि<br></strong>आज अधूरे कामों को पूरा करने के लिए समय बेहद अनुकूल रहेगा। सेहत को नजरअंदाज न करें, खासकर पेट से जुड़ी समस्या परेशानी दे सकती है। विद्यार्थियों को पढ़ाई में थोड़ी मुश्किल महसूस हो सकती है, लेकिन लगातार मेहनत उन्हें सफलता दिलाएगी। पुराने लेन-देन निपटने से मन हल्का महसूस करेगा। जीवनसाथी के लिए कोई छोटा-सा सरप्राइज आपके रिश्ते में नई मिठास घोल सकता है। आय में बढ़ोतरी और परिवार के साथ घूमने-फिरने का मौका मन को खुश करेगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>वृश्चिक राशि<br></strong>आज पैसों और खर्चों को लेकर थोड़ा सतर्क रहने की जरूरत होगी। बिना योजना के खर्च बढ़ सकते हैं, खासकर शौक और आराम से जुड़ी चीजों पर। घर की सजावट या नवीनीकरण का विचार भी मन में आ सकता है। माता की सेहत को लेकर थोड़ी चिंता रह सकती है, इसलिए उनका विशेष ध्यान रखें। कार्यक्षेत्र में बॉस की तरफ से प्रशंसा, प्रमोशन या कोई अच्छी खबर मिल सकती है, जिससे आपका मन प्रसन्न रहेगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>धनु राशि<br></strong>आज हर काम में धैर्य और समझदारी से आगे बढ़ना आपके लिए फायदेमंद रहेगा। पिता की सलाह आज आपके लिए मार्गदर्शक साबित हो सकती है। संतान की खुशी के लिए कोई नई चीज खरीदने का विचार मन में आ सकता है। ऑफिस में वरिष्ठों की बातों को नजरअंदाज करना नुकसानदेह हो सकता है, इसलिए सावधानी रखें। मन की कोई पुरानी इच्छा पूरी होने से खुशी दोगुनी हो जाएगी। घर में पूजा-पाठ या धार्मिक माहौल से सकारात्मक ऊर्जा बनी रहेगी।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>मकर राशि<br></strong>आज का दिन नई शुरुआत और महत्वपूर्ण फैसलों का संकेत दे रहा है। आपकी समझदारी और विवेक आपको सही दिशा में आगे बढ़ाएंगे। छोटी-छोटी जिम्मेदारियों को नजरअंदाज न करें, क्योंकि वही आगे बड़ी परेशानी का कारण बन सकती हैं। पुराने मित्र से मुलाकात पुरानी यादों को ताजा कर देगी और मन खुश रहेगा। कार्यक्षेत्र में मनपसंद काम मिलने से उत्साह और आत्मविश्वास दोनों बढ़ेंगे।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>कुंभ राशि<br></strong>आज आपका आत्मविश्वास और निर्णय लेने की क्षमता मजबूत रहेगी। आप अपने कामों को पूरे आत्मविश्वास के साथ पूरा करेंगे। जरूरतमंद की मदद करके मन को अलग ही सुकून मिलेगा। परिवार की किसी समस्या को बातचीत और समझदारी से सुलझाने में आपकी अहम भूमिका रहेगी। संपत्ति से जुड़ा कोई अच्छा अवसर सामने आ सकता है। संतान से किया गया वादा निभाना जरूरी होगा, वरना उनकी नाराजगी झेलनी पड़ सकती है। कारोबार में हल्के उतार-चढ़ाव रहेंगे, लेकिन स्थिति आपके नियंत्रण में रहेगी।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>मीन राशि<br></strong>आज सेहत को सबसे ऊपर रखना जरूरी होगा। छोटी-सी परेशानी को भी नजरअंदाज करना भारी पड़ सकता है। कोई व्यक्ति मीठी बातों से आपको भ्रमित करने की कोशिश कर सकता है, इसलिए नए लोगों पर तुरंत भरोसा करने से बचें। प्रॉपर्टी या जमीन से जुड़े काम करने वालों को कोई अच्छी कानूनी या सरकारी खबर मिल सकती है। किसी से वादा करने से पहले अपनी क्षमता का सही अंदाजा जरूर लगा लें। आज संयम और सतर्कता ही आपको हर परिस्थिति में संतुलित बनाए रखेगी।</p>
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		<title>7 साल पुरानी ड्रामा पीरियड Netflix पर बनी टॉपर</title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101732</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 10:55:50 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मनोरंजन]]></category>
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					<description><![CDATA[ओटीटी प्लेटफॉर्म नेटफ्लिक्स (Netflix) पर हमेशा की तरह इस वीक भी टॉप-10 ट्रेंडिंग फिल्मों की चर्चा हो रही है, जो भारत में धड़ल्ले से देखी जा रही है। अक्सर लेटेस्ट रिलीज फिल्में टॉप-5 की कैटेगरी में शामिल रहती हैं, इसके बाद कई बार आपको पुरानी फिल्में ट्रेंडिंग की सूची में नजर आएंगी। ऐसा ही कुछ &#8230;]]></description>
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<p class="wp-block-paragraph">ओटीटी प्लेटफॉर्म नेटफ्लिक्स (Netflix) पर हमेशा की तरह इस वीक भी टॉप-10 ट्रेंडिंग फिल्मों की चर्चा हो रही है, जो भारत में धड़ल्ले से देखी जा रही है। अक्सर लेटेस्ट रिलीज फिल्में टॉप-5 की कैटेगरी में शामिल रहती हैं, इसके बाद कई बार आपको पुरानी फिल्में ट्रेंडिंग की सूची में नजर आएंगी।</p>



<p class="wp-block-paragraph">ऐसा ही कुछ फिलहाल ओटीटी प्लेटफॉर्म नेटफ्लिक्स पर देखने को मिल रहा है। मौजूदा समय में नेटफ्लिक्स पर हिंदी सिनेमा की एक फ्लॉप जमकर ट्रेंड कर रही है, जो साल 2019 में सिनेमाघरों में रिलीज की गई थी। आइए जानते हैं कि वह कौन सी मूवी है।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>नेटफ्लिक्स पर छाई ये फ्लॉप फिल्म<br></strong>मनोरंजन के प्रमुख साधन के तौर पर इस वक्त ओटीटी प्लेटफॉर्म नेटफ्लिक्स को भारत में काफी वरीयता दी जाती है। इंडियन ऑडियंस नेटफ्लिक्स पर नई और पुरानी फिल्में-वेब सीरीज देखना काफी पसंद करती है। इस आधार पर 7 साल पुरानी एक फिल्म इन दिनों नेटफ्लिक्स पर छाई हुई है, जिसका नाम है कलंक (Kalank)।</p>



<p class="wp-block-paragraph">जी हां वरुण धवन, आलिया भट्ट, संजय दत्त, सोनाक्षी सिन्हा, आदित्य रॉय कपूर, माधुरी दीक्षित और कुणाल खेमू जैसे कलाकारों से सजी कलंक एक ड्रामा पीरियड लव स्टोरी थ्रिलर थी, जो साल 2019 में तो बॉक्स ऑफिस पर असफल रही, लेकिन बाद में टीवी और ओटीटी पर आकर ये कल्ट बन गई है।</p>



<p class="wp-block-paragraph">मौजूदा समय में निर्माता करण जौहर की कलंक नेटफ्लिक्स पर नंबर-6 पर ट्रेंड कर रही है, जो ये बताने के लिए काफी है कि आज भी इस फिल्म की कहानी को दर्शक पसंद करते हैं और इसी वजह ये एक मस्ट वॉच मूवी के तौर पर नेटफ्लिक्स पर अपना दबदबा कायम किए हुए है।</p>



<p class="wp-block-paragraph"><strong>क्या है कलंक की कहानी?<br></strong>बॉलीवुड के मशहूर निर्देशक अभिषेक वर्मन ने कलंक की कहानी को लिखा था और इसका डायरेक्शन भी किया था। मूवी में भारत के विभाजन के दौर को दर्शाया गया है, जिसमें एक अमीर खराने की बहू और एक दूसरे धर्म के लड़के के साथ एक्स्ट्रा मैरिटल अफेयर की कहानी दिखाई गई है, जिनकी प्रेम कहानी विभाजन की हिंसा की वजह से अधूरी रह जाती है। मूवी के शानदार गानों ने भी इसे कल्ट बनाने में अहम योगदान दिया है।</p>
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		<item>
		<title>Arijit Singh के बाद प्रीतम भी लेने जा रहे बॉलीवुड म्यूजिक से संन्यास? </title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101729</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 10:49:56 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[मनोरंजन]]></category>
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					<description><![CDATA[अरिजीत सिंह के प्लेबैक सिंगिंग से रिटायरमेंट के बाद अब फैंस को डर है कि कहीं प्रीतम भी म्यूजिक इंडस्ट्री को अलविदा ना कह दें। बॉलीवुड में सुपरहिट गाने देने वाले म्यूजिक कंपोजर प्रीतम ने हाल ही में 14 जून को अपना 55वां जन्मदिन मनाया। इसके बाद, उन्होंने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर करके फैंस &#8230;]]></description>
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<p class="wp-block-paragraph">अरिजीत सिंह के प्लेबैक सिंगिंग से रिटायरमेंट के बाद अब फैंस को डर है कि कहीं प्रीतम भी म्यूजिक इंडस्ट्री को अलविदा ना कह दें। बॉलीवुड में सुपरहिट गाने देने वाले म्यूजिक कंपोजर प्रीतम ने हाल ही में 14 जून को अपना 55वां जन्मदिन मनाया। इसके बाद, उन्होंने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर करके फैंस को उनकी शुभकामनाओं के लिए धन्यवाद दिया। हालांकि, लोगों का ध्यान उनके कैप्शन ने ज्यादा खींचा, क्योंकि फैंस को लगा कि शायद वे रिटायर होने की बात कर रहे हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph">अपने रहस्यमयी नोट में उन्होंने लिखा कि &#8216;मेनस्ट्रीम&#8217; (मुख्यधारा) का सफर शानदार रहा है, लेकिन अब &#8216;नए सफर&#8217; पर निकलने का समय आ गया है। उनकी इस पोस्ट से फैंस सोचने लगे कि क्या वे बॉलीवुड म्यूजिक से रिटायरमेंट ले रहे हैं। यह बात सिंगर अरिजीत सिंह (Arijit Singh) के प्लेबैक सिंगिंग से रिटायरमेंट की घोषणा करने के कुछ महीनों बाद सामने आई है।</p>



<h2 class="wp-block-heading">क्या बॉलीवुड म्यूजिक से ब्रेक लेंगे प्रीतम?</h2>



<p class="wp-block-paragraph">प्रीतम (Pritam) ने इंस्टाग्राम पर अपनी ब्लैक-एंड-व्हाइट तस्वीरें शेयर करते हुए लिखा, &#8216;सभी शुभकामनाओं के लिए धन्यवाद। मैं हर किसी को अलग-अलग जवाब तो नहीं दे सकता, लेकिन कृपया मेरा दिल से आभार स्वीकार करें&#8217;। उन्होंने आगे बताया कि वह नए सफर पर निकल रहे हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph">उन्होंने लिखा, &#8216;आज मैंने खुद को कुछ साल ऐसे जीने का तोहफ़ा देने का फैसला किया है जो जिंदगी को अलग तरह से जीने का मौका दें। उन चीजों को पूरा करने का मौका जो मैं अब तक नहीं कर पाया। उन नए सफर पर निकलने का समय, जिन्हें मैंने लंबे समय से टाल रखा था&#8217;।</p>



<p class="wp-block-paragraph">प्रीतम की इस पोस्ट से फैंस के बीच खलबली मच गई है कि क्या प्रीतम भी अरिजीत की तरह बॉलीवुड म्यूजिक को अलविदा कहने वाले हैं?</p>



<h2 class="wp-block-heading">प्रीतम के बारे में</h2>



<p class="wp-block-paragraph">प्रीतम चक्रवर्ती नेशनल फिल्म अवॉर्ड जीतने वाले भारतीय संगीतकार हैं। FTII से साउंड इंजीनियरिंग में ग्रेजुएशन करने के बाद, उन्होंने ऐड जिंगल कंपोजर, साउंड डिजाइनर और टीवी सीरियल्स के लिए थीम म्यूजिक कंपोजर के तौर पर काम किया। बाद में, 2001 की हिंदी फिल्म &#8216;तेरे लिए&#8217; में जीत गांगुली के साथ मिलकर संगीतकार के तौर पर शुरुआत की।</p>



<p class="wp-block-paragraph">प्रीतम के बेहतरीन गानों में पुंगी, तू ही मेरा, मैं अगर, बलम पिचकारी, लत लग गई, नैना, पी लूं, तबाह हो गए, गेरुआ, आशियां, बुलैया, ये तूने क्या किया, कलंक टाइटल ट्रैक, तुम से ही, देवा-देवा शामिल हैं।</p>
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		<item>
		<title>कब बना ICC और कैसे एक भारतीय ने बदल दी क्रिकेट की सर्वोच्च संस्था की कहानी? </title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101726</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 10:36:11 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[देश-विदेश]]></category>
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					<description><![CDATA[इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल यानी आईसीसी। क्रिकेट की वो सर्वोच्च संस्था जो पूरे विश्व में इस खेल की देखरेख करती है। इस संस्था में क्रिकेट खेलने वाले लगभग हर देश शामिल हैं, लेकिन क्या आपको पता है कि शुरुआत में सिर्फ तीन देशों के लिए ही इसका गठन हुआ था। इसका नाम भी कुछ और था। &#8230;]]></description>
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<p class="wp-block-paragraph">इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल यानी आईसीसी। क्रिकेट की वो सर्वोच्च संस्था जो पूरे विश्व में इस खेल की देखरेख करती है। इस संस्था में क्रिकेट खेलने वाले लगभग हर देश शामिल हैं, लेकिन क्या आपको पता है कि शुरुआत में सिर्फ तीन देशों के लिए ही इसका गठन हुआ था। इसका नाम भी कुछ और था। आज आपको बताते हैं आईसीसी के बनने और इसमें आए आर्थिक बदलाव का पूरा सफर।</p>



<p class="wp-block-paragraph">क्रिकेट की वैश्विक संचालन संस्था की नींव दरअसल तीन देशों के लिए रखी गई थी और ये तीन देश थे इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका। इन तीनों देशों के बीच बढ़ते अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट संबंधों को व्यवस्थित करने के लिए इस संस्था का गठन किया गया था और इसके पीछे थे दक्षिण अफ्रीका के मशहूर कारोबारी, क्रिकेट प्रशासक एबे बेली। बेली ने ही ये सुझाव दिया था।</p>



<p class="wp-block-paragraph">बेली ने साल 1907 में इंग्लैंड के मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब (एमसीसी) पत्र लिखकर सुझाव दिया कि इंग्लैंड, ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका के बीच अंतरराष्ट्रीय मैचों के बढ़ते कार्यक्रम की देखभाल और इसे व्यवस्थित तरीके से आयोजित कराने के लिए तीनों देशों की एक साझा संस्था होनी चाहिए। यहां से आईसीसी की शुरुआत हुई।</p>



<h3 class="wp-block-heading">सिर्फ ब्रिटिश साम्राज्य तक सीमित थी शुरुआती संरचना</h3>



<p class="wp-block-paragraph">आईसीसी का मतलब शुरुआत में वो नहीं था जो आज है। पहले इसे &#8216;इम्पीरियल क्रिकेट कॉन्फ्रेंस&#8217; नाम दिया गया था। इसी नाम से पता चलता है कि शुरुआत में इसकी सदस्यता केवल ब्रिटिश साम्राज्य के देशों के लिए ही थी।</p>



<p class="wp-block-paragraph">हालांकि, समय के साथ इसका विस्तार होता गया और बाकी के देश भी आ गए। साल 1926 में इसमें भारत, न्यूजीलैंड और वेस्टइंडीज को शामिल किया गया। बाद में पाकिस्तान, श्रीलंका और जिम्बाब्वे जैसे देश भी इसका हिस्सा बने।</p>



<p class="wp-block-paragraph">1965 में इस संस्था का नाम बदल कर &#8216;इंटरनेशनल क्रिकेट कॉन्फ्रेंस&#8217; कर दिया गया। साल 1989 में एक बार फिर इसका नाम बदला और वो हुआ जो आज है। ये वही दौर था जब आईसीसी को ज्यादा अधिकार दिए गए जिससे वह एक सलाहकारी संस्था न रहते हुए निर्णायाक भूमिका भी निभा सके।</p>



<h3 class="wp-block-heading">1993 में आया बड़ा बदलाव</h3>



<p class="wp-block-paragraph">साल 1993 इस संस्था के इतिहास में एक नया और ऐतिहासिक मोड लेकर आया। यहां तक इंग्लैंड और ऑस्ट्रेलिया जैस देश एक तरह से आईसीसी को चलाते थे, लेकिन भारत, पाकिस्तान और श्रीलंका के बढ़ते कद के कारण अब इन दोनों देशों का प्रभाव कम हो गया और इन तीनों देशों का भी संस्था में अहल रोल रहने लगा।</p>



<p class="wp-block-paragraph">ये वही साल था जब आईसीसी, एमसीसी के प्रशासनिक नियंत्रण से अलग हो गया था और अब इसका अपना एक स्वतंत्र सचिवालय, सीईओ होने लगा। बारबाडोस के सर क्लाइड वॉलकॉट आईसीसी के पहले गैर-ब्रिटिश अध्यक्ष बने।</p>



<h3 class="wp-block-heading">भारतीय नेतृत्व और क्रिकेट का व्यावसायीकरण</h3>



<p class="wp-block-paragraph">आज आईसीसी के पास काफी पैसा है, लेकिन एक समय था जब आईसीसी की आर्थिक स्थिति ज्यादा अच्छा नहीं थी। फिर एक भारतीय की एंट्री हुई और उसन सारा सिस्टम बदल दिया। 1990 के दौर तक आईसीसी की आय इसके सदस्य देशों से मिलने वाली फीस पर निर्भर थी। फिर भारत के जगमोहन डालमिया का एंट्री हुई और आईसीसी का ढांचा पूरी तरह से बदल गया।</p>



<p class="wp-block-paragraph">1996 में भारत, श्रीलंका और पाकिस्तान ने संयुक्त रूप से वर्ल्ड कप आयोजित किया और इसकी सफलता ने बता दिया की अब एशिया क्रिकेट का आर्थिक केंद्र है। साल 1997 में डालमिया आईसीसी के अध्यक्ष बने। पहली बार किसी भारतीय को ये पद मिला था। उन्हीं के अध्यक्ष रहते 1998 में बांग्लादेश में आईसीसी नॉकआउट टूर्नामेंट आयोजित किया गया जो आगे चलकर चैंपियंस ट्रॉफी बना। इससे प्रसारण अधिकारों और स्पॉन्सरशिप के जरिए आईसीसी की आय में भारी वृद्धि हुई और संस्था आर्थिक रूप से बेहद मजबूत बन गई।</p>



<p class="wp-block-paragraph">इस तरह, तीन देशों की शुरुआती पहल से शुरू हुई यह संस्था आज विश्व क्रिकेट की सबसे शक्तिशाली शासी संस्था बन चुकी है, जिसने खेल को एक वैश्विक आर्थिक और सांस्कृतिक मंच में बदल दिया है।</p>



<h3 class="wp-block-heading">आईसीसी में आए बड़े बदलाव</h3>



<p class="wp-block-paragraph">साल 2005 तक आईसीसी का मुख्यालय लंदन में था जिसे फिर दुबई स्थानांतरित कर दिया गया और अभी तक ये वहीं पर है।</p>



<p class="wp-block-paragraph">साल 2005 में ही इंटरनेशनल विमन्स क्रिकेट काउंसिल का आईसीसी में विलय कर दिया गया।</p>



<p class="wp-block-paragraph">आईसीसी से सदस्य देशों की संख्या इस समय 108 है जिनमें फुल मेंबर और एसोसिएट मेंबर शामिल हैं।</p>



<p class="wp-block-paragraph">साल 1975 में आईसीसी ने पहला मेंस वर्ल्ड कप आयोजित किया और साल 2007 में पहला मेंस टी20 वर्ल्ड कप भी आयोजित किया।</p>
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		<title>Vipraj Nigam ने आखिर क्‍या गलती की? भारत ए पर लग गई 10 रन की पेनल्‍टी</title>
		<link>https://updigitaldiary.in/news-article/101723</link>
		
		<dc:creator><![CDATA[UPDD Web]]></dc:creator>
		<pubDate>Mon, 15 Jun 2026 10:32:31 +0000</pubDate>
				<category><![CDATA[देश-विदेश]]></category>
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					<description><![CDATA[इंडिया ए के स्टार ऑलराउंडर विपराज निगम से श्रीलंका ए के खिलाफ खेले जा रहे ट्राई नेशन ए सीरीज मैच में बड़ी गलती हुई। दिल्ली कैपिटल्स के स्पिनर को दो बार डेंजर पिच पर दौड़ना भारी पड़ा। इंडिया ए की टीम पर 10 रन की पेनल्टी लगी, जिसका फायदा पूरा श्रीलंकाई टीम को गया। इंडिया &#8230;]]></description>
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<p class="wp-block-paragraph">इंडिया ए के स्टार ऑलराउंडर विपराज निगम से श्रीलंका ए के खिलाफ खेले जा रहे ट्राई नेशन ए सीरीज मैच में बड़ी गलती हुई। दिल्ली कैपिटल्स के स्पिनर को दो बार डेंजर पिच पर दौड़ना भारी पड़ा। इंडिया ए की टीम पर 10 रन की पेनल्टी लगी, जिसका फायदा पूरा श्रीलंकाई टीम को गया। इंडिया ए की टीम ने कैसे श्रीलंका को फ्री में 10 रन दे दिए, आइए जानते हैं आसानी से।</p>



<h3 class="wp-block-heading">IND A vs SL A: इंडिया ए पर 10 रन की पेनल्टी लगी</h3>



<p class="wp-block-paragraph">दरअसल, इंडिया ए की टीम ने मेजबान श्रीलंका ए (India A 10 run Penalty Vs Sri Lanka A) के सामने 265 रन का टारगेट रखा। यानी कि श्रीलंकाई टीम को 266 रन जीत के लिए बनाने होंगे, लेकिन ऐसा नहीं है। असल में श्रीलंका को जीत के लिए 266 नहीं, बल्कि 256 रन ही बनाने होंगे। ऐसा सब विपराज निगम की बड़ी गलती से हुआ।</p>



<p class="wp-block-paragraph">मामला इंडिया ए की पारी का है, जब श्रीलंकाई ए की टीम की ओर से गेंदबाजी की जा रही थी तो 37वें ओवर में विपराज निगम पिच के बीच में रन के लिए दौड़ पड़े। डेंजर जोन में स्पाइक्स के साथ जाना मना होता है। बैटर को पहले ही वॉर्निंग दे दी जाती है कि ऐसा नहीं करना है, लेकिन विपराज निगम ने गलती को दोहराया और उनकी गलती का खामियाजा टीम को 10 रन की पेनल्टी के रूप में भुगतना पड़ा।</p>



<h3 class="wp-block-heading"><strong>बैटर्स को पिच के बीच वाले हिस्से पर क्यों नहीं दौड़ना चाहिए?</strong></h3>



<p class="wp-block-paragraph">बल्लेबाजों को पिच के बीच वाले हिस्से से दौड़ने से मना किया जाता है। इस जगह को ‘प्रोटेक्टेड एरिया’ कहते हैं। ये पिच का सबसे अहम हिस्सा होता है और गेंद ज्यादातर यहीं गिरती है। अगर बल्लेबाज बार-बार जूतों के स्पाइक्स के साथ यहां से दौड़ेंगे तो पिच खराब हो जाएगी। वहां गड्ढे, दरारें और निशान बन जाएंगे। इससे गेंद का उछाल, रफ्तार और स्पिन बदल जाता है। मैच का बैलेंस बिगड़ सकता है। इसलिए बल्लेबाजों को पिच के बीच से नहीं, बल्कि साइड से दौड़ना होता है।</p>
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