औरंगाबाद में धार्मिक स्थलों के बाहर मांस का टुकड़ा फेंकने का मामला सामने आया..

दो पक्षों के बीच तनाव बढ़ गया है। रविवार अलसुबह लोग सड़क पर उतर गए और विरोध प्रदर्शन किया। दुकानें बंद रख टायर जलाकर आगजनी की। मामले की गंभीरता को देखते हुए मौके पर डीएम और एसपी पहुंचे है। दोनों अधिकारी ग्रामीणों के साथ बैठक कर रहे हैं।

HIGHLIGHTS

  1. धार्मिक स्थल पर मांस का टुकड़ा फेंकने के बाद तनाव
  2. डीएम और एसपी कर रहे हसपुरा में बैठक
  3. ग्रामीणों ने हसपुरा बाजार बंद कर सड़क जाम किया

जिले के हसपुरा थाना मुख्यालय में शनिवार की रात उपद्रवियों ने तीन धार्मिक स्थलों और एक दुकान के बाहर मांस का टुकड़ा फेंक दिया। रविवार अलसुबह जब इस बात की जानकारी हुई तो लोग सड़क पर उतर गए। विरोध प्रदर्शन किया। दुकानें बंद रख टायर जलाकर आगजनी की।

मामले की गंभीरता को देखते हुए मौके पर एसडीओ मनोज कुमार एवं एसडीपीओ कुमार ऋषिराज पहुंचे और लोगों को शांत कराया। दोपहर में डीएम और एसपी पहुंचे। संवाद प्रेषण तक दोनों अधिकारी ग्रामीणों के साथ बैठक कर रहे हैं।

जानकारी के अनुसार, रविवार की सुबह लगभग साढ़े छह से सात बजे के आसपास लोगों ने धर्म स्थलों पर फेंका हुआ मांस का टुकड़ा देखा। धीरे-धीरे यह बात आग की तरह फैल गई। एक-एक कर तीन धर्मस्थल और एक दुकान पर मांस का टुकड़ा फेंकने की बात सामने आई।

पीएम मोदी-शाह के खिलाफ लगाए पोस्टर

दुकान पर मांस फेंके जाने के साथ ही एक पोस्टर लगाया गया था, जिस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित साह, भाजपा, आरएसएस, बजरंग दल के साथ स्थानीय भाजपा और उसके अनुषंगी संगठनों के खिलाफ बातें लिखी गई थी।

औरंगाबाद के हसपुरा में धर्मस्थल का निरीक्षण करते एसडीएम एवं एसडीपीओ

हालात काबू करने में जुटे डीएम और एसपी

एक जाति विशेष के खिलाफ इस पोस्टर में बात कही गई है। मामले को शांत कराने का प्रयास किया जा रहा है। कहीं कोई चूक न हो, इसके लिए प्रशासन मुस्तैद है। दोनों समुदाय के लोग और प्रशासन इस प्रयास में हैं कि किसी भी तरह स्थिति अनियंत्रित न हो।

सभी पक्ष शांति स्थापित करने का प्रयास कर रहे हैं। संवाद प्रेषण तक हसपुरा में डीएम और एसपी बैठकर लोगों से बात कर रहे हैं। तनाव को देखते हुए पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई है। एसडीएम के साथ अन्य अधिकारी कैंप कर रहे हैं।

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