उत्तराखंड: राज्य खाद्य व अंत्योदय राशन कार्ड की अधिकतम आय सीमा में होगा बदलाव

राज्य खाद्य व अंत्योदय राशन कार्ड की अधिकतम आय सीमा में बदलाव होगा।कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने समिति बनाकर समीक्षा करने के निर्देश दिए। राशन विक्रेताओं को 39 करोड़ रुपये का लाभांश जारी होगा।

प्रदेश में एपीएल (राज्य खाद्य योजना) और अंत्योदय राशन कार्ड की अधिकतम आय सीमा जल्द संशोधित की जाएगी। खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री रेखा आर्या ने अधिकारियों को इसके निर्देश दिए। उन्होंने कहा, राशन विक्रेताओं का 39 करोड़ रुपये का बकाया लाभांश एक सप्ताह में जारी कर दिया जाएगा।

मंत्री रेखा आर्या ने समीक्षा बैठक में कहा कि राशन कार्ड बनाने के न्यूनतम आय मानक काफी पुराने हो चुके हैं। इससे लोगों को कार्ड बनवाने में परेशानी हो रही है। उन्होंने अधिकारियों को एक समिति बनाकर इन मानकों की समीक्षा करने को कहा। समिति में सभी जिला पूर्ति अधिकारियों के सुझाव भी शामिल किए जाएंगे।

केंद्र सरकार से हाल ही में 39 करोड़ रुपये का बजट प्राप्त हुआ है। इसी के तहत नवंबर से जो लाभांश बकाया है उसे जारी किया जाएगा। बैठक में प्रमुख सचिव एल फैनई, खाद्य आयुक्त बंसीलाल राणा, अपर आयुक्त पीएस जंगपांगी, राशन विक्रेता संगठन के अध्यक्ष रेवाधर बृजवासी आदि मौजूद रहे।

राशन वितरण प्रणाली होगी ऑनलाइन
बैठक में राशन विक्रेता संगठन के पदाधिकारियों ने राज्य खाद्य योजना के तहत लाभांश 50 रुपये से बढ़ाकर 180 रुपये करने की मांग उठाई। इस पर मंत्री ने कैबिनेट में जल्द प्रस्ताव लाने का आश्वासन दिया। राशन विक्रेताओं की मांग पर मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि 30 जून तक राशन वितरण प्रणाली को पूरी तरह ऑनलाइन किया जाए। इससे मैन्युअल रजिस्टर रखने की व्यवस्था समाप्त हो जाएगी। राशन कार्ड बनाने के लिए एक नए सॉफ्टवेयर का उपयोग किया जा रहा है। कर्मचारियों को किसी तरह की परेशानी न हो, इसके लिए जल्द प्रशिक्षण दिया जाएगा। प्रशिक्षण के लिए केंद्र से दो प्रशिक्षक बुलाए गए हैं।

चारधाम यात्रा और गैस आपूर्ति
बैठक में चारधाम यात्रा को देखते हुए भी विशेष निर्देश दिए गए हैं। सभी जिला पूर्ति अधिकारियों को अगले तीन माह का राशन जल्द दुकानों तक पहुंचाने को कहा गया है। इससे राशन वितरण में कोई देरी नहीं होगी। एलपीजी गैस आपूर्ति की समीक्षा करने के बाद मंत्री ने बताया। प्रदेश में घरेलू और व्यावसायिक सिलिंडरों की आपूर्ति अब पूरी तरह नियमित है। कहीं से भी गैस की कमी की कोई शिकायत नहीं है।

Related Articles

Back to top button
T20: भारत का क्लीन स्वीप जानिये कितने खतरनाक हैं कबूतर। शतपावली: स्वस्थ रहने का एक आसान उपाय भारतीय मौसम की ALERT कलर कोडिंग In Uttar Pradesh Call in Emergency