कोरोना वायरस का नया वैरिएंट ओमिक्रोन कई देशों में बरपा रहा अपना कहर, US-इटली ने लिए बड़े फैसले

ओमिक्रोन को लेकर विश्वभर में दहशत का माहौल है। ओमिक्रोन के कारण कई देशों में लोगों की मौतों की संख्या में इजाफा हो रहा है। वही, इसकी स्थिति को देखते हुए कुछ देशों में प्रतिबंध कड़े कर दिए हैं। अमेरिका में तो कोराना संक्रमितों में 73 फीसद मरीजों की संख्या ओमिक्रोन पीड़ितों की है। वही, ब्रिटेन में ओमिक्रोन वैरिएंट से 18 लोगों की मौत हो चुकी है।

यूएस में हेल्थकेयर वर्कर्स का क्वारंटीन समय घटा

अमेरिका में ओमिक्रोन के बढ़ते मामलों को देखते हुए रोग नियंत्रण और रोकथाम के केंद्र ने अहम फैसला किया है। फैसले के मुताबिक, कोरोना पॉजिटिव हेल्थ वर्कर एक हफ्ते आइसोलेशन में रहने के बाद काम पर आ सकते हैं। हालांकि, उनकी रिपोर्ट निगेटिव होनी चाहिए। बता दें कि क्वारंटीन के समय को पहले 10 दिन किया गया था। केंद्र ने बताया कि यूएस में कोरोना संक्रमितों में ओमिक्रोन मरीजों की संख्या 73 फीसद हो गई है।

ऑस्ट्रेलिया ने बूस्टर टीकों की समय सीमा कम की

उधर, ऑस्ट्रेलिया में बूस्टर टीकों की डोज लेने के लिए समय सीमा कम कर दी गई है। स्वास्थ्य मंत्री ग्रेग हंट ने कहा कि चार जनवरी से 18 साल से ऊपर ऐसे व्यक्ति जो चार महीने पहले दूसरा शॉट ले चुके हैं उन्हें बूस्टर डोज दिया जा सकेगा। बूस्टर लगाने की समय सीमा को चार महीने से घटाकर तीन महीना किया जाएगा।

इटली ने लगाए कड़े प्रतिबंध

उधर, क्रिसमस और नए साल पर जश्न को देखते हुए इटली सरकार ने कड़े प्रतिबंध लगाए हैं। इटली में सभी सार्वजनिक जगहों पर नए साल की पूर्व संध्या पर मास्क पहनना अनिवार्य कर दिया गया है।

भारत में ओमिक्रोन के 236 मामले

उधर भारत में ओमिक्रोन के कुल मामलों की संख्या बढ़कर 358 हो गई है। महाराष्ट्रा में ओमिक्रोन के सबसे ज्यादा 88 मामले हैं। इसके अलावा राजधानी दिल्ली में ओमिक्रोन मरीजों की संख्या बढ़कर 67 हो गई है। वही, तेलंगाना में 38, तमिलनाडु में 34, कर्नाटक में 31, गुजरात में 30, केरल में 27, राजस्थान में 22, हरियाणा और ओडिशा में चार-चार, जम्मू-कश्मीर और पश्चिम बंगाल में तीन-तीन, आंध्र प्रदेश और यूपी में दो-दो, चंडीगढ़, लद्दाख और उत्तराखंड में एक-एक मरीज है।

Related Articles

Back to top button
T20: भारत का क्लीन स्वीप जानिये कितने खतरनाक हैं कबूतर। शतपावली: स्वस्थ रहने का एक आसान उपाय भारतीय मौसम की ALERT कलर कोडिंग In Uttar Pradesh Call in Emergency